खबर लहरिया Hindi UPDATE | Jantar Mantar protest & Sonam Wangchuk: आज रात में कार्रवाई की आशंका, जंतर-मंतर पर जुटने की अपील 

UPDATE | Jantar Mantar protest & Sonam Wangchuk: आज रात में कार्रवाई की आशंका, जंतर-मंतर पर जुटने की अपील 

शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर धरना दे रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) को उठा लिया गया। शनिवार यानी 18 जुलाई को सुबह-सुबह जंतर मंतर पर बड़ी संख्या में दिल्ली पुलिस के जवान पहुंचे जिसके बाद अनशन कर रहे सोनम वांगचुक और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों को वहां से हटाने की तैयारी शुरू कर दी गई।

सोनम वांगचुक को ले जाते हुए फोटो साभार: एक्स से लिया गया स्क्रीन शॉर्ट

रात में कार्रवाई की आशंका, जंतर-मंतर पर जुटने की अपील 

CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने आशंका जताई है कि हो सकता है आज 18 जुलाई की रात पुलिस उन्हें जंतर मंतर से हटाने की कोशिश करेगी। उन्होंने सोशल मीडिया X पर पोस्ट करते हुए कहा कि “हमें पूरी उम्मीद है कि दिल्ली पुलिस आज रात हमें हटाने की कोशिश करेगी, लेकिन अगर आप बड़ी संख्या में यहाँ आएँगे तो वे ऐसा नहीं कर पाएँगे। आइए, उन्हें शांतिपूर्ण विरोध की ताकत दिखाएँ! रात बिताने और सोनम सर का साथ देने के लिए जंतर-मंतर आएँ।”

सोनम वांगचुक की मेडिकल रिपोर्ट पर सवाल

सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि ने सोशल मीडिया X पर पोस्ट कर कहा “सफ़दरजंग अस्पताल की रिपोर्ट के मुताबिक, सोनम वांगचुक का पोटैशियम लेवल 2.9 है, जबकि कल ही यह 4.3 था। वे न तो उन्हें किसी दूसरी लैब में ले जाकर दूसरी राय लेने दे रहे हैं और न ही मेरे सामने उनका ब्लड सैंपल दे रहे हैं ताकि मैं कहीं और टेस्ट करवा सकूं। मैं 3 घंटे से इंतज़ार कर रही हूं, लेकिन उन्होंने अभी तक हमारी बात नहीं मानी है। पारदर्शिता की इस कमी से हमें शक हो रहा है और हमने तुरंत डिस्चार्ज करने की मांग की है, ताकि हम अपनी पसंद के अस्पताल में जा सकें। हम पिछले 2 घंटे से उनके जवाब का इंतज़ार कर रहे हैं।”

CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके पर स्याही से हमला, आरोपी महिला

जंतर मंतर पर चल रहे प्रोटेस्ट के दौरान एक वीडियो समाने आया है। सीजेपी के सोशल मीडिया अकाउंट से शेयर किया गया। इस वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे अभिजीत दीपके के चेहरे पर स्याही से हमला करना की कोशिश की गई है। दीपके ने कहा “ये नीला रंग मेरे लिए अपमान नहीं बल्कि सम्मान” हालाँकि जिस महिला ने अभिजीत पर स्याही फेंका था उसे हिरासत में ले लिया गया है। अभी तक महिला की पहचान नहीं हो पाई है और पुलिस ने बताया कि मामले की आगे की जांच जारी है।

सफदरजंग अस्पताल में 7वीं-8वीं मंजिल पूरी तरह बंद

सोनम वांगचुक इस समय सफदरजंग अस्पताल के 8 वीं मंजिल पर भर्ती है। खबर लहरिया की पत्रकार सेजल पटेल को पता चला है कि अस्पताल की 7वीं और 8वीं मंज़िल बंद हैं। सोनम वांगचुक को अभी तक कोई इलेक्ट्रोलाइट नहीं दिया गया है। उनकी हालत स्थिर है और वे हमेशा की तरह पानी और नमक का घोल ले रहे हैं।

सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से हटाना कायराना और शर्मनाक हरकत – योगेंद्र यादव 

सामजिक कार्यकर्ता योगेंद्र यादव ने खबर लहरिया से बातचीत करते हुए कहा कि “शर्मनाक और कायराना हरकत इसलिए क्योंकि सफ़ेद चादर से ढककर ले जाने की कोशिश की गई। इसका मतलब कुछ गलत काम कर रहे थे जो आप छुपाना चाहते थे।” नीचे दिए गए वीडियो में आप उनकी पूरी बात सुन सकते हैं।

सोनम वांगचुक ने जारी रखा अनशन 

खबर लहरिया की पत्रकार रचना इस समय आज 18 जुलाई दोपहर 1: 23 बजे जंतर मंतर पर मौजूद है। रचना ने बताया कि अभिजीत दीपके को जानकारी मिली है कि सोनम वांगचुक ने अपना अनशन जारी रखा है यानी आज उनके भूख हड़ताल का 21 वां दिन है।

हमारी खबर लहरिया की रिपोर्टर सेजल पटेल इस समय दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल के बाहर आपतकालीन गेट के बाहर मौजूद हैं जहां इस समय सोनम वांगचुक को लाया गया है। सेजल ने  जानकारी जानकारी दी कि डॉक्टर नितीश, डॉक्टर सतीश और सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि का कहना है कि 20 जुलाई को जो संसद तक मार्च है वो जरूर से होगा। जंतर मंतर से संसद तक उस दिन शांतिपूर्ण मार्च निकाला जायेगा। यदि सोनम वांगचुक किसी कारण से मार्च में शामिल होने में असमर्थ होते हैं तो उनके बदले उनकी पत्नी गीतांजलि वांगचुक उस मार्च का हिस्सा बनेगी। 

https://youtube.com/shorts/qWhMSeGmdxQ?si=sCxQFZDXSHctLllP

सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि ने नई दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट को पत्र लिखकर वांगचुक को डिस्चार्ज करने का अनुरोध किया है, क्योंकि वे उन्हें अपनी पसंद के अस्पताल में शिफ्ट करना चाहती हैं। उन्होंने यह भी कहा है कि परिवार की अनुमति के बिना उन्हें कोई भी दवा (मुंह से या IV के ज़रिए) न दी जाए।

सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि वांगचुक द्वारा अस्पताल को दी गई एप्लिकेशन (फोटो साभार: खबर लहरिया)

सफदरजंग अस्पताल में बढ़ी पुलिस तैनाती, 7वीं मंजिल के आगे आवाजाही पर रोक

दिन चढ़ने के साथ ही पुलिस की मौजूदगी बढ़ गई है। कहबर लहरिया को जानकारी मिली है कि सोनम वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल की इमरजेंसी बिल्डिंग की 8वीं मंज़िल पर भर्ती कराया गया है। 7वीं मंज़िल के आगे जाने का रास्ता रोक दिया गया है।

दिल्ली के अस्पताल सफदरगंज की तस्वीर जहां बड़ी संख्या में पुलिस बल मौजद है (फोटो साभार: खबर लहरिया)

बिना अनुमति के सोनम वांगचुक को न खिलाया जाए 

सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) भूख हड़ताल पर है और आज उनकी हड़ताल का 21वां दिन था। इसकी वजह से उनकी पत्नी को अब डर है कि कहीं उनका अनशन तोड़ने की कोशिश की जाए। इस वजह से उन्होंने सोशल मीडिया X पर पोस्ट कर कहा है कि “मेरी, उनके परिवार और उनके डॉक्टरों की सहमति के बिना उन्हें मौखिक या इंजेक्शन के माध्यम से कुछ भी नहीं दिया जाना चाहिए। ये डॉक्टर पिछले 20 दिनों से उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे हैं।”

AISA (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन) छात्र संगठन ने प्रेस रिलीज जारी कर कहा – सोनम वांगचुक को रिहा करो 

दिल्ली पुलिस द्वारा सामजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) को जबरन जंतर मंतर पर से हटाए जाने पर AISA (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन) छात्र संगठन ने आज 18 जुलाई को तत्काल प्रेस रिलीज की। प्रेस रिलीज में कहा गया “दिल्ली पुलिस की शर्मनाक हरकत! सोनम वांगचुक को ज़बरदस्ती हटाने से आंदोलन नहीं रुकेगा! नेहा, मनीष और आमीन की भूख हड़ताल 21वें दिन भी जारी है!

18 जुलाई की सुबह, दिल्ली पुलिस के नए कमिश्नर ने जंतर-मंतर से सोनम वांगचुक को चालाकी और बदतमीज़ी से बेरहमी से हिरासत में लेकर अपने आकाओं के प्रति वफ़ादारी साबित की। इस दौरान कई लोगों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की गई। सोनम वांगचुक को उनकी मर्ज़ी के बिना सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया है।

इसके बाद पुलिस ने AISA के टेंट में मौजूद छात्रों पर हमला करने की कोशिश की, लेकिन सैकड़ों छात्रों ने नेहा, मनीष और आमीन के ख़िलाफ़ हिंसा रोकने के लिए मानव श्रृंखला बनाई, जिसके कारण पुलिस पीछे हट गई। दिल्ली पुलिस की तमाम कोशिशों के बावजूद AISA के 3 नेताओं की भूख हड़ताल 21वें दिन भी जारी है। पुलिस उन हज़ारों छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकार को रोकना चाहती है जो 20 जुलाई को संसद तक मार्च में शामिल होने वाले हैं।

सोनम वांगचुक को रिहा करो!

भूख हड़ताल जारी है!”

अब बताया जा रहा है कि 20 दिन से अनशन पर बैठे सोनम वांगचुक को पुलिस अस्पताल ले गई है। सोनम वांगचुक की तबियत लगातार बिगड़ रही थी और उनका 9 किलो वजन घट चुका है। 

अभिजीत दीपके ने पीएम मोदी को इस्तीफे के लिए कहा 

सोनम वांगचुक को (Sonam Wangchuk) अस्पताल ले जाने के बाद कॉकरेच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अब अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हैं। उनके साथी भी फिर से जंतर मंतर (Jantar Mantar) पर उसी जोश के साथ बैठ गए हैं। स्टेज पर इस बार सामजिक कार्यकर्ता योगेंद्र यादव भी समर्थन में खड़े नज़र आए। अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपने पद से इस्तीफा देने को कहा।

 Jantar Mantar protest: अभिजीत दिपके ने क्या कहा 

लेकिन कॉकरोज जनता पार्टी ने अपने एक्स अकाउंट पर अभिजीत दिपके द्वारा यह बताया गया कि दिल्ली पुलिस ने सोनम वांगचुक को उठा लिया है और उन्होंने आरोप लगाया है कि जंतर मंतर में मौजूद स्टूडेंटस के ऊपर लाठीचार्ज भी किया गया। उन्होंने कहा मैं अपने दोस्त के घर गया था फ़्रेश होने तो मुझे वहां पर पुलिस ने मार कर रोक रहा था, डिटेंशन में रख रखा था। सोनम सर को उठाने के बाद इन लोगों ने मुझे यहाँ छोड़ दिया और जंतर मंतर में हमें घुसने नहीं दे रहे तो अभी शांति पूर्ण प्रदर्शन पूरे देश में करना होगा फ़ोर्स फु ली सोनम सर को उठाया है मेरे साथ मारपीट की है। मेरी देश भर से अपील है अपने-अपने एरिया में प्रोटेस्ट करिए।” 

 Jantar Mantar protest: दिल्ली पुलिस का पक्ष 

वहीं दिल्ली पुलिस द्वारा यह भी कहा गया है कि हाईकोर्ट के आदेश के बाद ही सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाया गया है। दिल्ली पुलिस द्वारा एक्स पर लिखा गया है कि “माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों और चिकित्सकों की सलाह के अनुसार, श्री सोनम वांगचुक की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए उन्हें आवश्यक चिकित्सा देखभाल के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों का पालन करते हुए प्रदर्शनकारियों ने बाधा उत्पन्न करने का प्रयास किया जिससे थोड़ी अफरा-तफरी मच गई हालांकि पुलिस ने अधिकतम संयम बरतते हुए स्थिति को सुरक्षित रूप से संभाला। हम जंतर-मंतर पर मौजूद प्रदर्शनकारियों से अनुरोध करते हैं कि वे शांतिपूर्वक जल्द से जल्द स्थान खाली कर दें।” 

प्रदर्शन से जुड़े संगठनों ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। कॉकरोच जनता पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दावा किया गया है कि पुलिस ने CJP संस्थापक अभिजीत दिपके को उनके ठहरने की जगह पर रोक दिया है। साथ ही सोनम वांगचुक को प्रदर्शन स्थल से हटाया गया है। उन्होंने छात्रों पर लाठीचार्ज का भी आरोप लगाया। 

बता दें CJP का 20 जुलाई को दिल्ली जंतर मंतर संसद भवन तक एक बड़ा मार्च निकलने वाला है लेकिन उससे पहले सोनम वांगचुक उठा ले गए हैं और जंतर मंतर के धरना स्थल को पुलिस द्वारा समाप्त करने की कोशिश की जारी है। 

फ़िलाहल जानकारी के अनुसार छात्रों ने नेहा, आमेन और मनीष को पुलिस कार्रवाई से बचाने के लिए मानव श्रृंखला बनाई। 

 

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