बुंदेलखंड में चंदेल राजाओं से जुड़ी एक अनोखी कहानी है कजली मेले की जो की राखी के एक दिन बाद मनाया जाता है. इससे जुड़ा है एक लम्बा इतिहास: आल्हा-उदल की शोर-वीर गाथा, खेती से जुडी एक प्रथा और लाखों लोगों की मान्यता। देखिये यह स्पेशल रिपोर्ट।
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