खबर लहरिया Hindi Bolenge Bulwayenge: निकाह के गवाह पुरुष ही क्यों? मुस्लिम समाज से एक ज़रूरी सवाल

Bolenge Bulwayenge: निकाह के गवाह पुरुष ही क्यों? मुस्लिम समाज से एक ज़रूरी सवाल

मुस्लिम समाज में शादी को पाक और ज़रूरी रिश्ता माना जाता है लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि निकाह के समय महिला गवाह या वकील क्यों नहीं बन सकती? इस वीडियो में हम बात कर रहे हैं निकाह की उस परंपरा पर जिसमें महिला को ग़ैर-ज़िम्मेदार मानने वाली सोच पैर जमाकर सदियों से बैठी हुई है। उस मानसिकता की जो शादी जैसे फ़ैसले में भी महिला को पीछे रखती है या फिर सलाह तक सीमित रखना बड़ा बड़प्पन मानते हैं, न कि निर्णय लेने में। यह वीडियो किसी धर्म के ख़िलाफ़ नहीं बल्कि बराबरी और जरूरी सवाल पूछने के पक्ष में है। अगर आपको लगता है कि बदलाव सवालों से शुरू होता है तो वीडियो पूरा देखें

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