हर जगह मनाई जात महिला दिवस

sampadkiye-webउत्तर प्रदेश के हर जिला मा 8 मार्च कै हर साल अंतराष्ट्रीय महिला दिवस मनाई जाथै। देश के हर क्षेत्र मा मेहरारून के प्रति सम्मान, प्रशंसा अउर प्यार प्रकट करै खातिर यह दिन मेहरारू के आर्थिक, सामाजिक, राजनीतिक सम्मान के उपलक्ष्य मा उत्सव के तौर पै मनाई जाथै। सबसे पहिले अमेरिका मा सोशलिस्ट पार्टी के आहवान पै पहिला महिला दिवस सन् 1909 मा मनाई गै।
सन् 1910 मा सोशलिस्ट इंटर नेशनल कै कोये हेगन सम्मेलन मा महिला दिवस मा अन्र्तराष्ट्रीय कै दर्जा मिला। वह समय मेहरारून का अधिकार देय कै प्रमुख उद्देश्य रहा। मेहरारून का सशक्तिकरण कै जरूरत बाय वै अपने आप मा सशक्त हईन उनके पास क्षमता बाय, शक्ति बाय फिर भी वै अपने आप का कमजोर काहे मानाथिन। उनपै हर तरह से अत्याचार बढ़तै जाथै। घर से लईकै बाहर तक हर जगह मेहरारू कै शोषण काहे होथै। संसद मा महिला आरक्षण विधियक लम्बित बाय लकिन पास करै खातिर राजनैतिक दल काहे नाय पहल करत बाय? मेहरारून का आरक्षण कै पूरा व्यवस्था होय का चाही। मेहरारून के शोषण चाहे शारीरिक होय या मानसिक, घरेलू हर प्रकार के शोषण पै काहे नाय रोक लगाई जात बाय। ओन पै हर तरह कै रोक लागा थै। यहां न जा वहां न जा एसन न करा वै अपने आप मा आजाद नाय हईन। ओनक हर तरह से बांधी कै काहे रखा जा थै। यह पै केहू बिचार काहे नाय करत।