रास्ता बनै के करत मांग

रास्ता आय के मैदान
रास्ता आय के मैदान

जिला चित्रकूट, ब्लाक कर्वी, गांव पथरौड़ी। हिंया लगभग एक किलो मीटर रास्ता दस बरस से नहीं बनी आय। यहै से पचास घर का मड़ई खराब रास्ता से निकरै का मजबूर हवै। रास्ता बनावै खातिर पूर्व प्रधान भगवानदास अउर वर्तमान प्रधान राकेश कुमार विश्वकर्मा से कहा गा, पै कउनौ ध्यान नहीं दीन गा।
या समस्या का लइके प्रधान राकेश कुमार विश्वकर्मा से बात भे। वहिकर कहब हवै कि रास्ता बनवावै खातिर अबै बजट नहीं आवा आय। जबट आ जई तौ रास्ता बनवा दीन जई।
गांव के संजू अउर कमलेश का कहब हवै कि रास्ता बहुतै खराब हवै गर्मी मा धूल उड़त हवै। बरसात मा कांदौ से रास्ता भरा रहत हवै। ऊंच नीच रास्ता हवै। बूढ़ मड़ई अउर बच्चा भी गिर जात हवैं। यहै से कत्तौ भी चोटा सकत हवै। रास्ता बनब बहुतै जरूरी हवै। यहिके खातिर प्रधान से कहिके थक गयेंन, पै वा हां कहिके टाल देत हवै। बनवावैं के नहीं सोचत हवै।
कर्वी बी.डी.ओ. श्रीकान्त त्रिपाठी कहिन कि बजट आई तौ पथरौड़ी गांव के रास्ता बनवावै खातिर प्रधान राकेश कुमार विश्वकर्मा से कहा जई।
जिला चित्रकूट, ब्लाक रामनगर, गांव पिपरौंद। हिंया दलित बस्ती के नाली अउर सड़क दुइ किलो मीटर पन्द्रह बरस से नहीं बनी आय। या समस्या से हजारन मड़ई परेशान हवैं। या कारन प्रधान सुनीता से कहा जात हवै तौ नहीं सुनत आय।
हिंया के विभा, मैकी अउर मातादीन का कहब हवै कि हमार बस्ती के नाली न बनै से बहुतै परेशानी होत हवै। रात मा आवै जाये मा गिर जाये का पड़त हवै। काहे से कि पूर सड़क मा पानी भरा रहत हवै। छोट-छोट बच्चा स्कूल जात हवंै। उनका कपड़ा खराब होइ जात हवै अउर बहुतै परेशानी होत हवै। हमार दलित बस्ती का कउनौ ध्यान नहीं दीन जात आय। अगर प्रधान से कहा जात हवै तौ कहि देत हवै कि सड़क बनवा देहूं पै नहीं बनवावत आय। अगर या नाली सड़क बन जाये तौ नींक होय।
प्रधान सुनीता के मनसवा प्रेमनारायण का कहब हवै कि सड़क बनवावै खातिर पास होइगे हवै। रूपिया आ जई तौ बनवा दीन जई। मोहिका खुदै चिंता आय। सड़क जल्दी बनवाई जई।