मीनू के हिसाब से नहीं बनत खाना

खिचड़ी खात बच्चा
खिचड़ी खात बच्चा

जिला चित्रकूट, ब्लाक कर्वी, गांव चितरा गोकुलपुर प्राथमिक विद्यालय। हिंया के हेडमास्टर शकुन्तला 23 नवम्बर 2013 का मिड्डे मील का राशन टैक्सी मा लइके बेचैं जात रहै। मउके मा वा पकड़ गे। सूचना मिलै मा कर्वी एस.डी.एम अभयराज अउर कइयौ अधिकारी पहुंच गें। यहै बात से गांव मा हड़कम्प मच गा। या कहिन गांव के कइयौ मड़ई।
गांव के प्रधान कमलेश पटेल के बाप महेश पटेल अउर कइयौ लोगन का कहब हवै कि स्कूल मा मिड्डे मील का का खाना कत्तौ नींक नहीं बनत हवै। मीनू के हिसाब से भी नहीं बनत हवै। रोजै खिचड़ी बनत आय। अगर प्रधान कमलेश कहत हवै कि नींक खाना बना के बच्चन का खाये खातिर बनवाय तौ हेडमास्टर शकुन्तला लड़ाई करत हवै। 23 नवम्बर 2013 का दिन मा दस बोरी गेहूं टैक्सी मा लइके बेंच दिहिस रहै। यहिके बाद ग्यारह बोरी गेहूं टैक्सी मा लइके फेर बेंचै जात रहै तौ वा पकड़ गे। अब वा झूठ बोलत हवै कि मोरे लगे चाभी नहीं रहै। जबैकि वहिके लगे स्कूल के चाभी रहत हवै। वा मिड्डे मील का सामान यहिनतान हिंया-हुंवा कइ देत हवै। स्कूल के हेडमास्टर शकुन्तला से बात करै के कोशिश कीनगे, पै वहिसे बात नहीं भे आय।
स्कूल के मास्टरन का कहब हवै कि स्कूल के कमरा मा मिड्डे मील का सामान धरा रहत हवै। वहिके चाभी हेडमास्टर के पास रहत हवै। हेडमास्टर बता सकत हवंै कि का मामला हवै। यहिके बारे मा कुछौ पता नहीं आय। प्रधान मारै आवा रहै यहिके दरखास कोतवाली मा लिखाइगे प्रधान समेत पांच लोग जेल मा हवै। खबर लहरिया पत्रकार अपने आंखिन से देखिन कि 26 नवमबर 2013 का दिन मंगल का बच्चा खिचड़ी खात रहैं। जबैकि मीनू मा सब्जी या फेर दाल चावल रहै।
सहायक बेसिक शिक्षा अधिकारी जीतेन्द्र कुमार गौड़ से बात करैं खातिर कइयौ चक्कर लगायें गें, पै उंई नहीं मिलै यहै से फोन मा बात भे। उंई कहिन कि प्रधान समेत गांव के कइयौ लोग मोहिका खुदै मारिन हवैं। यहै से पुलिस पांच लोगन का जेल भेज दिहिस।