ठंडे पड़े अलाव, कहां गया बजट

karvi
ठंड बढ़ी पर सरकारी अलाव ठंडे पड़े

चित्रकूट। ज़िले में इस समय लोगों का ठंड के कारण बुरा हाल है। लेकिन सरकार की तरफ से अलाव जलाने की व्यवस्था अभी भी नाकाम है। यह कहना है लोगों का।
ब्लाक रामनगर, कस्बा रामनगर। यहां के कल्लू और श्रीदेवी ने बताया कि बस अड्डे में अलाव नहीं जल रहे हैं। रोज़ान लगभग हज़ारों यात्री यहां से गुजरते हैं। हालांकि कुछ दुकानदारों ने कुछ व्यवस्था ज़रूर की है।
ब्लाक मऊ, कस्बा बरगढ़ मोड़, लालतारोड। यहां भी अलाव जलाने के लिए सरकार ने कोई इंतजाम नहीं किया है। यहां के कमलेश और धर्मेंद्र से पूछने पर पता चला कि यहां पर एक भी बार अलाव नहीं जले हैं। यहां के कल्लू और धर्वेन्द्र ने बताया कि अलाव का इंतज़ार करते-करते लगता है कि ठंड खत्म हो जाएगी।
ब्लाक कर्वी , शिवरामपुर। यहां के कल्ल्ूा और पवन का कहना है कि कई दिनों से सूरज भी नहीं निकला है। दिन भर कोहरा छाया रहता है। ठंडी के कारण हाथ काम नहीं करते हैं। अब अलाव नहीं जलेगा तो कब जलेगा।
मानिकपुर ब्लाक, कस्बा सरैया। यहां के लोगों ने भी कई बार तिराहा चैराहा और बस अड्डे में अलाव जलाने के लिये कई बार प्रधान गीता देवी से कहा लेकिन वह नहीं सुनती है। प्रधान गीता देवी के पति कमल का कहना है कि अलाव जलाने का काम तहसीलदार का है। यह काम हमारा नहीं है।

कर्वी तहसीलदार भगवानदास गुप्ता का कहना है कि 21 दिसम्बर 2013 से भंभई, खोह और भैसौधा गांव समेत कुल 18 जगह अलाव जल रहे हैं। कर्वी के कुछ इलाकों में नगर पालिका की तरफ से अलाव जल रहे हैं। इस साल कर्वी तहसील में अलाव के लिये पच्चीस हजार, मानिकपुर नगर पंचायत के लिए पन्द्रह हजार, मऊ और राजापुर के लिये कुल पचास हजार रुपए बजट आया है।