खाई कि बेंची, गेंहूं खरीद केन्द्र मा फइला सन्नाटा

shevrampur sagkari sametiजिला चित्रकूट, ब्लाक कर्वी, शिवरामपुर धान गेंहूं खरीद केन्द्र। हिंया के करमचारिन का कहब हवै कि गेंहूं खरीद केन्द्र मा 1 अप्रैल से गेंहूं खरीदै का काम शुरु हवै। केन्द्र मा 13 .गांव लागत हवै। पंद्रह सौ पच्चीस रुपिया कुंतल के हिसाब से किसान आपन गेंहूं बेंच सकत हवै, पै गेंहेूं खरीद केन्द्र मा तौ सन्नाटा परा हवै। पूर दिन मा कत्तौ एक दुइ किसान गेंहूं बेंचै आवत हवै। नहीं तौ खाली बइठ रहित हन।
शिवरामपुर गेंहू खरीद केन्द्र के आंकिक सत्येन्द्र कुमार का कहब हवै कि केन्द्र मा 1 अप्रैल से 15 जून तक गेंहूं खरीदै का काम होइ। गेंहूं खरीद केन्द्र मा सन्नाटा होय का कारन हवै कि या साल किसानन के गंहूं के फसल नींक नहीं भे आय। 21 अप्रैल तक मा कुल दुइ सौ तीस कुंतल गेंहूं खरीदा गा।
इटखरी गांव के संता अउर भैसौंधा गांव के किसान सूरज का कहब हवै कि किसान चार साल से सूखा के मार झेलै का मजबूर हवै। खेत मा बीज अउर खाद का रुपिया नहीं निकर पावत हवै। हमरे खाये का गेंहूं खेती मा नहीं पैदा होत हवै। जिला मा किसानन के हालत या समय एक मजूर से भी ज्यादा खराब हवै। काहे से कि खेती मा रुपिया लगावैं के बादौ कउनौ फसल नींक नहीं होत हवै। यहिसे किसान का बेचै।
ब्लाक रामनगर, कस्बा रामनगर। हिंया के सोसायटी के सचिव सुखलाल कहिस कि या साल किसानन के खाये का गल्ला नहीं पैदा भा। उनके खेतन मा ठूंठ तक तौ बचत नहीं आय। चोर चोरा लइ जात हवै। किसानन का हालत या समय बहुत खराब हवै। अगर किसान खुश नहीं तौ भला आम जनता कसत खुश रही सकत हवै। काहे से कि किसान तौ रात दिन खेतन मा काम कइके मड़इन का पेट भरत हवैं। पी.सी.एफ.विभाग के बाबू कहिन कि जिला मा कुल 28 केन्द्र खोले गें हवैं।