का रमपुरीया गांव के पानी के समस्या कत्तौ खत्म होइ?

बुन्देलखण्ड क्षेत्र मा बारह महीना पानी के समस्या तौ बनी रहत हवै। पै गर्मी मा तौ अउर  हाल बेहाल रहत हवै पानी खातिर मड़ई दर-दर भटकत रहत हवै कत्तौ दुइ कोस तौ कत्तौ तीन कोस दूरी जा जा के मेहरिया पानी भरै जाती हवैं। पानी के समस्या से सब से ज्यादा मेहरियन का जूझै का परत हव। सरकार पानी खातिर कत्तौ पैकेज देत हवै तौ कत्तौ कहत हवै कि पानी के व्यवस्था के खातिर करोड़न रुपिया हवै। पै वा रुपिया कहां हवै? चित्रकूट जिला के कइयौ गांव जहां बहुत पानी के समस्या हवै। पै मानिकपुर ब्लाक के सरैयां ग्राम पंचायत का मजरा रमपुरिया गांव जेहिका बसे अस्सी बरस होइगें हवै पै हुंवा पानी के कउनौ सुविधा नहीं आय। कहे का चार हैन्डपम्प हवै पै चारों खराब  हवैं। कुंआं नाम खातिर नहीं आय। मजरा से दुइ किलो मीटर जंगल के बीच देऊरा नाला हवै जहां मड़ई चोहड़ा बना के पानी भरत हवैं। चोहड़ा के गहराई एक मड़ई के बराबर हवै। वहिके भीतर घुस के पानी लोटा-लोटा भरत हवै वहिमा किरवा भी हवै।  गांव के कल्लू नाम के मेहरिया बतावत हवै कि हिंया कोल आदिवासी मड़ई रहत हवैं वहिके परिवार मा सात लोग हवै उनका दिन भर मा लगभग पचास लीटर पानी लागत हवै। सवेरे पांच बजे उठ के जंगल के बीच बीच घुस के पानी कइयो बर्तन लइके चोहड़ा मा लाइन लगावै का पड़त हवै। कत्तो-कत्तो कइयो-कइयो घंटा लाग जात हवै पानी भरै मा ऊपर चोहड़ा के भीतर उतरै मा डेर लागत हवै कि कउनौ किरवा ना काट ले पै पानी तौ पिवै का हवै अउर परिवार का पियाये का हवै। या से घुस जात हौं अउर पानी भरत हौं। अगर देर होइ गें तौ घर मा मनसवा से लड़ाई होइ जात हवै कि येत्ती देर काहे लाग । पता नहीं पानी के समस्या कबै खत्म होई? वर्तमान प्रधान का कहब हवै कि गांव  मा पानी के समस्या कुछौ नहीं आय सरैया ग्राम पंचायत के रमपुरिया गांव मा हर रोज ट्रैंकर भेजत हौं। पानी खातिर एक ट्रैंकर हवै पानी के व्यवस्था कई सकौं। सरैया ग्राम पंचायत मा चौदह मजरा हवै जेहिमा से सब से ज्यादा पानी के समस्या रमपुरिया मा हवै। जंगली क्षेत्र हवै या से जल स्तर नीचे चला जात हवै। यहै से पानी नहीं रहत मैं कइयो दरकी प्रशासन का बोर अउर ट्यूबवेल लगवावै का लिखित दीने हौं पै कउनौ सुनवाई नहीं भे आय।