कब तक पियब बोतल से पानी

05-09-13Taza School2
ना लियाइब बोतल त ना मिलि

जिला वाराणसी, ब्लाक हरहुआ, गावं हासिमपुर। इहां के प्राथमिक स्कूल के हैण्डपम्प एक साल से खराब पड़ल हव। अभहीं तक नाहीं बनल हव। इहां के मास्टर कई बार बेसिक शिक्षा के अधिकारी के इहां दरखास देहले हयन। लेकिन अभहीं तक सुनवाई नाहीं भयल। स्कूल में बच्चा से लेके मास्टर तक बोतल में पानी भरके लीया के त आपन गुजारा करलन।
इहां के शिक्षामित्र श्यामनारायण के कहब हव कि इहां के हैण्डपम्प एक साल से बिगड़ल हव। मास्टर आउर बच्चन परेशान रहलन। अपने अपने घर से पानी बोतल में भर के ली आवलन। पढ़ाई के भी केतना नुकसान होत हव। बच्चन पानी पीए के बहाने दूसरे हैण्डपम्प पर जालन आउर उधर ही खेले लगलन। स्कून के हैण्डपम्प बिगड़ले से 246 बच्चन आउर इहां पढ़ावे वालन मास्टर के लगभग एक साल से परेशानी उठावे के पड़त हव। अगर अब दूसर हैण्डपम्प ना लगी तो हमने मिड डे मील बन्द करदेब आउर अनशन पर बइठ जाब।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मातीचन्द्र चैरसिया के कहब हव कि वहां के जांच करवावल जाई।
सरकार के नियम में हव कि स्कूल में बच्चन के सब व्यवस्था रही। अगर स्कूल में बच्चन के पानी ना मिले पिए के त पढ़ाई कइसे होई।