स्कूल बने के बाद भी नइयां सुविधा

taja sijhariजिला महोबा, ब्लाक कबरई, गांव सिजहरी। एते कक्षा नौ ओर दस के स्कूल खे बने तीन साल हो गए हें, पे बच्चन खे बिठा के पढ़ाएं खा कोनऊ सुविधा नइयां। जीसे जूनियर स्कूल में या फिर बच्चन खा बाहर खुले मैदान में बिठा के पढ़ाओ जात हे।
प्रधानाध्यापक दे्रवेन्द कुमार ने बताओ कि स्कूल तो बन गओ हें, पे एसई परो हे। बच्चन खा पूर्व माध्यमिक स्कूल के एकल कक्ष में पढ़ाउत हें। ज्यादा बच्चा होय से गर्मी ठंडी ओर बरसात में परेशानी होत हे गृह गृह विज्ञान वाली बिटियन खे पेड़ तरे बिठा के पढ़ाउत हें, ओर जल्दी छुटटी कर देत हें। ठेकेदार से कहत हें तो काम पूरो न होंय कि बात कहत हे। एक्सीयन साहब देखे आए हते, तो उन्ने 20 जुलाई 2013 तक काम पूरो करायें खे कहो हतो। अगर मोय स्कूल न मिलहे तो नाम लिखैं बन्द कर देहों।
आराधना, रोशनी ओर प्रार्थना ने बताओ कि हमाई दस कि कक्षा बोहतई छोट हे। पूरे एक सौ पन्द्रह बच्चे हें। जीसे बेठत नई बनत आय, ओर गर्मी के मारे पढ़े में मन तक नई लगत हे। जिला विद्यालय निरीक्षक अधिकारी मन्शाराम पटेल ने बताओ कि ऊ स्कूल बन खे तैयार हो गओ हे। अभे ऊखी जांच नई भई जीसे ऊ बन्द परो हे। जांच करे खे डी.एम. अनुज कुमार झा ने टीम बनाई हे। जभे स्कूल की जांच हो जेहे तो स्कूल चालू करा दओ जेहे।