महोबा में छाया दंगल का नशा

जिला महोबा, ब्लाक जैतपुर, गांव कमालपुरा के कमालपुरा मेला को दंगल 1926 से होबे वाले जा दंगल में बच्चे और बड़े पहलवान दोई शामिल होत।
विनोद कुमार पहलवान महोबा ने बताई के हम कक्षा पांच से दंगल कर रए और हमाय गुरु श्री मोती पहलवान से हम दंगल सीखे। हम पहले आर्मी की तैयारी करत ते। और हमाय पिताजी पहलवानी करत ते। हमाय गुरु मोती पहलवान जी ने हमाई शुरुवात करवाई जब हम हाईस्कूल में हते पहले आर्मी की तैयारी कर रए ते। जब से पहलवानी में उतरे जबई से हौसला बढ़ गओ। और कुश्ती करन लगे ते।
हमीरपुर जिला के दंगल में शील्ड उठा लई तब से और ज्यादा हौसला बढ़ गओ। हम गरीब परिवार से हते खाबे पीबे को नइ हतो तो हमाय गुरु जी ने ही हमे रखो प्रीतम पहलवान हमीरपुर ने बताई के हम पहलवानी आठ नौ साल से कर रये। एक पहलवान कसरत करबे जात तो। तो बाको शरीर देख के हम करन लगे ते। हम बहुत दूर दूर जात कानपुर और अपने आस पास के सब जिलन में भी।
दिनेश कुमार पांचाल उद्घोषक ने बताई के हम सन 92 से कार्यक्रम कर रए। जाके पहले हम नेशनल खिलाड़ी भी रए। और जाके पहले फौजी की सेवा भी करी। हमने 2016 में 28 दंगल कराए और 55 खेल करवाय। कबड्डी राज्यस्तरीय, क्षेत्रस्तरिय, और हम खिलाड़ी रए तो हम चाहत के हमाय सारे क्षेत्र के जिला के और बुंदेलखंड के आदमी आगे बड़े।

रिपोर्टर- सुनीता प्रजापति

12/12/2016 को प्रकाशित