महोबा जिले के उन लोगों का हाल है बेहाल, जिन्हें केवल पेंशन का सहारा था

जिला चित्रकूट अउर महोबागरीबी का हाल बहुतै ख़राब हवै जउन मड़इन के लगे खेती आय न कमाए का कुछौ साधन आय।वहिका समाजवादी पेंशन से बहुतै आसरा रहि हवै।पै अब नई सरकार के बनतेन पेंशन बंद होइ जाय से मड़ई अनाथ होइ गे हवै।
जैतपुर समाज कल्याण अधिकारी महिमा वियार्थी का कहब हवै कि समाजवादी पेंशन बंद होइ  गे हवै।वृध्दा,विधवा अउर विकलांग पेंशन बस मिलत हवै।चित्रकूट के समाज कल्याण विभाग के अधिकारी दिलीप कुमार का कहब हवै कि समाज कल्याण पेंशन नहीं कीन गे आय अबै जांच चलत हवै।महोबा के आनदंरानी अउर सुमित रानी का कहब हवै कि 15 सौ रुपिया पेंशन मिल जात रहै तौ हमार गरीबन खातिर खाना पीना ख़रीदे का होइ जात रहै अउर बच्चन के स्कूल के फीस दे का होइ जात रहै।पै अब तौ बड़े मुश्किल से खर्चा चलत हवै
मोदी सरकार का जीता दीन तौ वा पेंशन बंद कइ दिहिस हवै।पेंशन के मांग का लइके कुलपहाड़ गये हन पै हूंवा अधिकारी हम गरीबन का भगा दिहिन हवै।चित्रकूट के गांव डोडिया माफ़ी के सुनीता बताइस कि हमार गांव मा लगभग 40 मड़इन का समाजवादी पेंशन मिलत रहै।जेहिसे गरीब मड़ई आपन खर्चा चलावत रहै पै नई सरकार वा पेंशन भी बंद कइ दिहिस।

रिपोर्टर-सुनीता देवी और श्यामकली

25/08/2017 को प्रकाशित