बेघर हुई झाँसी की तबस्सुम तबर्रुक के ठेले से करती है गुज़ारा

जिला झांसी, ब्लाक बबीना, मुहल्ला नंदनपुरा की रेबे वाली तबस्सुम चादर और तबर्रुक की डलिया लगा के अपने मोड़ी मोड़ा पाल रइ। तबस्सुम को आरोप हे के ससुराल वाले पांच साल से हमे नइ लिबा ले जा रए।
तब्स्सुब ने बताई के हममाय घर में कोऊ नइया भज्जा हे एक सो बो परदेश में रत माली हे सो अपाहिज हे। और हमे दम देत के अपने मायके से रुपईया लेआओ नइ तो तुम्हे मारडारे और मोड़ीयन को मारडारे एसी धमकी देत। और कत के तुमाओ एक भज्जा हे परदेश में रत हम मरवा देहे जासे हम जात नइया कितु रिपोर्ट करबे। हफ्ता में एक बार ठेला लगात बई से अपने मोड़ी मोड़ा पालत न हमे कोनऊ खर्चा पानी मिलत। जिते मजार पे हम ठेला लगात उते भी धमकी देत और मारपीट करत और ठेला पलट जात। और जो कछु दुकानदारी होत सो सब छुड़ा ले जात।
हमाई शादी को नौ साल हो गयी। सास कती के तुमाय मोड़ी मोड़ी हो रई हम तुमे नइ राखे। फिर मायके में हमाय मोड़ा हो गओ सो कह रई ती के जो हमाय मोड़ा को नइया। रुपईया भर देत सो तारिख पे नइ आत।
तबस्सुम की सास बद्दोको कबो हे के बो खुद बदचलन हे जा से नइ आ रई। हमाओ मोड़ा ससुराल में रेबे गओ तो सो बाको मूड फोर दओ तो सबने मिलके मारो तो।

रिपोर्टर- सुनीता और सफीना

30/12/2016 को प्रकाशित