बूंद बूंद पानी का तरसत

खराब हवै हैण्डपम्प
खराब हवै हैण्डपम्प

जिला चित्रकूट, ब्लाक मानिकपुर, गांव करका पड़रिया, पुरवा गबदेलहा। हिंया के आबादी लगभग एक हजार के हवै। दुइ हैण्डपम्प लाग हवैं । उंई भी तीन महीना से खराब हवैं। या कारन एक किलो मीटर दूर बहिलपुरवा रेलवे स्टेशन हवै। हुंवा से पानी भरैं का परत हवै। यहै से बूंद बूंद पानी का तरसित हन। प्रधान तुलसी से हैण्डपम्प बनवावैं खातिर कइयौ दरकी कहा गा, पै ध्यान नहीं देत आय।
पुरवा के बित्ता, संखा अउर सम्भूू का कहब हवै कि तीन महीना से हैण्डपम्प खराब हवै। या कारन एक किलो मीटर दूर बहिलपुरवा स्टेशन से पानी लावैं का परत हवै। जबै हमार पियास बुझात हवै। हैण्डपम्प बन जाये तौ हमार इं समस्या खतम होइ सकत हवै।
प्रधान तुलसी का कहब हवै कि 23 जून 2014 का एक हैण्डपम्प बनवा दीन गा हवै। वा भी बनवा दीन जई जबै मिस्त्री बाहर से आ जई।
ब्लाक मऊ, गांव खोहर, पुरवा बड़ी लसही। हिंया सौ घर के मड़ई हैण्डपम्प न होय से दस बरस से परेशान हवैं। प्रधान रामनरेश से कहा जात हवैं तौ वा कुछौ ध्यान नहीं देत हवै।
हिंया के रामरती, शिवकुमारी, श्यामवती समेत लगभग दस लोगन का कहब हवै कि हैण्डपम्प हमरे पुरवा मा नहीं लाग हवै। या कारन दुइ सौ मीटर दूर कुंआ से पानी लइत हन ,पै या समय कुंआ सुखान परा हवै। इनतान के गर्मी मा पानी खातिर हिंया हुआं भटकित हन। प्रधान तौ अपने खातिर सबै सुविधा कइ लेत हवैं ,पै जनता का, का समस्या हवै। वहिका कउनौ मतलब नहीं रहत हवै। काहे से कि प्रधान गांव का जिम्मेदार मड़ई होत हवै। वहिका ध्यान राखै के जरुरत हवै कि हमार जनता का, का समस्या हवै।
प्रधान रामनरेश का कहब हवै कि पांच महीना पहिले मऊ ब्लाक मा हैण्डपम्प लगवावैं खातिर लिखित दीने हौं। हैण्डपम्प पास होइ तौ लगवावा जई।