बांदा में जिला अस्पताल में फ्री दवाइयां मिलने की व्यवस्था दीवार पर लिखे एक मजाक की तरह

जिला बांदा, कस्बा बांदा हेंया के जिला अस्पताल मा एक महीना से डायरिया अउर टाइफाइड के मरीजन के भीड़ देखाई पड़त है। पै मरीज का दवाई अउर खाना सब बाहर से रुपिया दई के खरीदे का पड़त है। अस्पताल के दीवार मा लिखा है कि मरीज का सेंत मा दवाई दीन जइहैं। पै मरीजन का कुछौ सुविधा नहीं मिलत आय।
जिला अस्पताल के डाक्टर कहत है कि हेंया इनतान के कउनौ शिकायत नहीं आई आय। राम किशोर बताइस कि मैं आपन लड़की के दवाई करावै आये रहेव पै दुइ घंटा बइठे के बाद भी मोर लड़की का भर्ती नहीं करिन। तबै मैं विधायक से शिकायत करे का कहेव् तौ डाक्टर मोर लड़की का भर्ती कइ लिहिन है।अस्पताल मा मरीज पड़े रहत है पै कुछौ सुविधा नहीं मिलत आय।
संतोष कुमार अउर निर्मला का कहब है कि बच्चा के दवाई करावे आये हन पै बच्चा के नींकतान दवाई नहीं कीन जात आय। हेया मरीज का कुछौ खाना नहीं दीन जात आय। सरकार कहत बस है कि सरकारी अस्पताल मा सेत मा दवाई अउर खाना मिलत है। पै हेंया के व्यवस्था बहुतै खराब है। मरीज खातिर खाना बाहर से मंगावत हन नहीं तौ घर से बना के लाइत हन।
धर्मेन्द्र कुमार बताइस कि हमार लड़का 20 -25 दरकी उलटी करिन है हेंया के डाक्टर बाहर के दवाई लिखत है। दीवारन मा खाली देखे खातिर लिखा है कि सेंत मा इलाज होत है पै हकीकत मा कुछ अउर है।दवाई के नाम पै सरकारी अस्पताल मा सिर्फ बोतल बस चढ़ाय देत हैं।
सी. एम. डाक्टर किशोरी लाल का कहब है कि कउनौ मरीज इनतान के शिकायत करे नहीं आवा आय । इनतान के कउनौ घटना भे है तौ कारवाही कीन जई ।

रिपोर्टर- गीता देवी

24/05/2017 को प्रकाशित