पांच रूपए में मोबाइल रिचार्ज कराइए, पर हां, पहले बरगढ़ जाइए, चित्रकूट के गोइया खुर्द गांव की कहानी

 

जिला चित्रकूट, ब्लाक मऊ, कस्बा बरगढ़, गांव गोइयां बिजली के जरूरत के सबै का होत है पंखा, टीवी फ्रिज सबै कुछ बिजली से चलत हवै अउर मोबाइल भी बिजली से चार्ज होत हवै। पांच साल पहिले आंधी आवे से बिजली के खम्भा टूट गे रहै तबै से या गांव मा बिजली नहीं आयी आय। यहै कारन हिंया के मड़इन का मोबाइल चार्ज करावै खातिर 3 किलोमीटर दूरी बरगढ़ जायें का पड़त हवै। जहां 5 रुपिया लागत हवै।जिला चित्रकूट, ब्लाक मऊ, कस्बा बरगढ़, गांव गोइयां बिजली के जरूरत के सबै का होत है पंखा, टीवी फ्रिज सबै कुछ बिजली से चलत हवै अउर मोबाइल भी बिजली से चार्ज होत हवै। पांच साल पहिले आंधी आवे से बिजली के खम्भा टूट गे रहै तबै से या गांव मा बिजली नहीं आयी आय। यहै कारन हिंया के मड़इन का मोबाइल चार्ज करावै खातिर 3 किलोमीटर दूरी बरगढ़ जायें का पड़त हवै। जहां 5 रुपिया लागत हवै। रन्नो बताइस कि पुरखन के जमाना से हिंया बिजली नहीं आय अब तौ नाती वाले होइ गये हन तबहूं हिंया लाइट नहीं आयी आय।दशरथ बताइस कि बीस साल पहिले खम्भा लाग रहै एक साल बस बिजली जली है हवै। बिजली के खम्भा मा एक आदमी के जान चली गें रहै तबै से हिंया बिजली नहीं आई आय। निर्मला बताइस कि आंधी मा खम्भा टूट गा रहै तबै मड़ई सब तार समेट लइ गें हवै तबै से बिजली नहीं आयी आय। स्यामलाल बताइस कि दुइ लीटर तेल मिटटी का बस मिलत हवै पांच छह दिन बस चलत हवै बच्चन के पढावैं खातिर अउर खाना बनावै खातिर तौ दिया जलावै का पड़त हवै। इन्तान के बरसात मा सांप बिछी के डेर बनीं रहत हवै। राजनारायण अउर रामबदन बताइन कि रात के अधेरे मा जानवर निकलत हवै। प्रधान बिजली विभाग  का दरखास दिहिस। बिजली विभाग से तौ बहुतै आवत हवै पै कउनौ कुछौ नहीं करत आय। मऊ बिजली विभाग के जेई रविशंकर गुप्ता का कहब हवै कि  दीनदयाल उपाध्याय योजना के तहत या गांव के बिजली के समस्या दूर कीन जई।

रिपोर्टर- सुनीता देवी

Published on Jul 25, 2017