नियमों का पालन फिर भी लाइसेंस का नहीं पता, झांसी के बूचड़खानों में मांस व्यापारियों की दुर्दशा

जिला झांसी, गांव नारियां सूखा कर्ज भुखमरी से परेशान बुंदेलखंड के आदमियन के सामने अब एक और नओ मुद्दा आ गओ। बंद धरे बूचरखाने और जाके मारे बेरोजगार हो गये आदमी। 22 मार्च को मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने अवैध बूचरखाने बंद कराबे को आदेश दओ लेकिन जिनके पास लाइसेंस हे केवल नवीनीकरन करवाने बे भी बंद हो गए।
झांसी जिला के नारियां गांव के आदमी नाखुश हे इनके मुताबिक हर काम को पूरो करबे के बाद भी उन्हें खोलबे की इजाजत नइया। इनके रोजगार के लाने को जिम्मेदार हे उन्हें जबाब को इन्तजार हे।
सीमा ने बताई के जो बच्चन को थोड़ो बोहतई खाबे मिलत तो बो भी नई मिल राओ अब सब राशन ख़तम हो गाओ जो हमे बच्चा बिना दूध के नई रत ते बिने अब कछू नई मिल राओ अब तो एसे लग राओ के मर जाबे और अपने नाच्चन की जान दे देबे
धीरज ने बताई के हमाओ तो जो पुस्तैनी काम हे। पुराने लाइसेंस भी हे। अब उन ने बिल्कुल धंधो बंद करा दओ। अब कोऊ से पांच हजार कोऊ से दस हजार एसे ले लेत खर्च चला रए कर्जा से।
लाइसेंस हर साल मार्च में रिनू होत ते लेकिन अब ऊपर से सीधो आदेश दे दओ के अब कोनऊ नइ बन रए। उनके हिसाब से ही हर काम करवा रए फिर भी लाइसेंस नइ बना रए।
पुष्पा और रामरती ने बताई के जब से धंधो बंद हो गओ हमाय बच्चा बेरोजगार बैठे कोनऊ धंधो भी नइया शुगर की बीमारी हे कैसे इलाज करवाए। अब को देहे खाबे जब बच्चा नइ कमा हे।
लक्ष्मण प्रसाद ने बताई के टाइल्स लगबाओ शीशा लगबाबो साफ़ सफाई रखो बताई ती। तो जो सब कर रए जब ऊपर से आदेश आओ तो उन्हें देने चाहिए हम ओरन के आदेश। हम ओरे केऊ बार डी एम् के पास गये।
करन सिंह चौहान जिला अधिकारी ने बताई के हमाय पास लिखित देबे के हमने सब तैयार कर लइ दुकान में शीशा टाइल्स लगबा के तो हम चेक करवाहे देख हे।
जीतू खटीक ने बताई के माननीय मुख्यमंत्री जी से मिले तो उन ने हमसे एसे बात करी जैसे दूसरे देश से आय होबे। जब हमने अपनी लिखित उनको सौपी तो उन ने कई के कोर्ट से जो फैसला आहे बो मंजूर हुए।

रिपोर्टर- सोनी और सुनीता प्रजापति

25/05/2017 को प्रकाशित