नहीं थम रहा अत्याचार

poster pic thumbnailलखनऊ फैजाबाद क्या पूरे उत्तर-प्रदेश में बलात्कार के आंकड़े बढ़ गये हैं। छोटे-छोटे बच्चे जिनकी उम्र खेलने खाने की है। उनके साथ बलात्कार किया जा रहा है।
कितनी लड़कियां गायब हो जाती हैं। फिर भी पुलिस मुजरिमों को नहीं पकड़ पाती है। दिसम्बर में दिल्ली में हुए बलात्कार से पूरे भारत में खलबली मच गई थी। लेकिन अत्याचार थमने का नाम नहीं ले रहा है। न ही प्रशासन या पुलिस कोई जिम्मेदारी लेते दिखाई देते हैं। जगह-जगह धरना प्रदर्शन होता है।
लोग समस्या लेकर प्रशासन के पास जाते हैं तो उनके साथ उल्टा बर्ताव किया जाता है। कितनो की जान चली जाती है पर उनका क्या वो तो पचास- साठ हजार रुपया देकर समस्या सुलझाना चाहते है न की उनको दण्ड देते हैं। पिछले एक महीने से लगातार घटनाएं हिंसा, अपहरण, लूट, चोरी बढ़ गई है लेकिन सरकार की तरफ से कोई सुधार होता नजर नहीं आ रहा। सरकार ने आज तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है जिससे महिलाओं की सुरक्षा हो सके।