नए से तो पुराना सही जिससे अपनी गुजर चली, देखें बांदा जिले का हाल

जिला बांदा, ब्लाक तिंदवारी, गांव महेदू मा पुरान राशनकार्डका काट के नवा बनावै का अभियान तौ चलावा गा है। पै आनलाइन से राशनकार्ड बनावै के कारन अबै तक मड़इन के राशनकार्ड नहीं बनें आहीं।
शकुन्तला देवी का कहब है कि पहिले हमार लाल राशनकार्ड बना रहै फेर सफेद राशनकार्ड बन गा रहै, तौ वहिमा गल्ला मिलत रहै। पै अब तीन महीना से गल्ला नहीं मिलत आय। कोटेदार कहत है कि तुम्हार नाम कट गा है। भूरी अउर सुनीता का कहब है कि हमें तीन महीना से राशन नहीं मिला आय। कोटेदार भगा देत है, कहत है कि तुम्हार नाम कट गा है तौ कहे आवत हौं। चुन्नी देवी बताइस कि पहिले लाल राशनकार्ड मा दस पसेरी गल्ला मिलत रहै, पै अब सफेद वाला बना है तौ वहिमा तीन पसेरी गेहूं अउर दुइ पसेरी चावल बस मिलत है। रामरती बताइस कि हमें पहिले सात पसेरी गल्ला मिलत रहै, पै अब दुइ पसेरी काट के पांच पसेरी बस देत है।
कोटेदार रामदास का कहब है कि पचास-साठ पात्र मड़इन के राशनकार्ड से नाम कट गें हैं। उंई मड़इन के फेर से राशनकार्ड आनलाइन करायें जइहैं।

रिपोर्टर- शिवदेवी

Published on Feb 22, 2018