दहेज खातिर लिहिन जान

जिला चित्रकूट, ब्लाक कर्वी, गांव कसहाई। हिंया का रामहित बताइस कि वहिके नातिन अर्चना के शादी छह बरस पहिले पहाड़ी ब्लाक के अर्की गांव मा राजेश के साथै भे रहै। मनसवा दहेज का लइके शुरू से अर्चना का मारत रहै, पै 4 सितम्बर 2014 का सुबेरे आठ बजे अर्चना के आगी लागै से मउत होइगे।
अर्चना के बाबा रामहित का कहब हवै कि मोरे चार नातिन अउर तीन नाती रहैं। बड़ी नातिन अर्चना के शादी पहाड़ी ब्लाक, गांव अर्की मा रहैं वाले राजेश के साथै छह बरस पहिले कीने रहौं। राजेश शादी होय के तुरतै बाद कहत रहै कि दहेज मा मोटर साइकिल अउर सोने के चैन नहीं मिली आय। जबै तक येत्ता सामान मइके से लइके न अइहै तबै तक यहिनतान मार पीट करिहौं। अर्चना मइके मा बतावत रहै। यहै से दुइ बरस से मइके मा रहत रहै। दुइ महीना पहिले पंचायत कइके ससुर भैरव चार मड़इन के साथै जबरजस्ती घसीट के अर्चना का लइगा रहै। 4 सितम्बर 2014 का नातिन अर्चना के आगी लगा के मार डारिन। यहिके सूचना तक नहीं दिहिन। हमका रिश्तेदारन से पता चला तबै हम अर्की गांव पहुंचे। यहिके रपट राजापुर थाने मा लिखाइगे, पै थाना वाले अबै तक कउनौ कारवाही नहीं करिन। अर्चना के जान लें वालेन का जेल होय का चाही।
राजापुर थाना के बड़े दरोगा केशव प्रसाद दुबे का कहब हवै कि मुकदमा लिख गा हवै। अर्चना के सास ससुर का जेल होइगे। अबै अर्चना का मनसवा गुजरात मा हवै। वहिका भी पकड़ा जई।