डिजटल इंडिया के दौर में आवास को तरस रहे महोबा जिले के सिरमोन गाँव निवासी

जिला महोबा, गांव सिरमोंन चुनावी मौसम में जिन गरीबन के घर बनबा बे को वादा करके वोट ले जात बे आदमी सरकार के बनबे के बाद उम्मीद के ढेर को जला के वादे पूरे होबे के बारे में सोचत रत। कच्चे घरन की हालत एसी हे के पानी बरसबे पे आदमियन को पूरी रात बैठे बैठे निकारने परत। प्रशाशन ने अपनी आदत के मुताबिक हर बार की जैसे जा बार भी आश्वाशन दओ के हम गांव वालिन को आवास दुआ हे।
सिरमोंन गांव के निवासी अबे भी आवास सुविधा से वंचित हे आदमी कच्चे घरन में रह के अपनों गुजरो कर रए।
सुमत रानी ने बताई कोऊ नइया अगर घर में पानी आत तो हमे सुधारने परत अगर एक घर बन जाबे तो सुविधा हो जेहे।
रामप्रकाश ने बताई के प्रधान से कइ हमने सो कह रए ते के हमने लिखवा दओ तो तुमाओ आवास लेकिन आओ नइया हमे सरकारी योजना को कोनऊ भी लाभ नइ मिल रओ।
हेमंत कुमारी ने बताई के प्रधान से कइ सो कह रए ते के तुमाओ आत नइया। न हमाई विधवा पेंशन बधी बनी ती सो कटवा और दइ।
महिमा विद्याथी विडियो ने बताई के जो भारत सरकार के सर्वे भये ते सामाजिक आर्थिक जनगणना बई के आधार पे ग्रामीण आवास योजना के तहत आवास दए जा रए। एस एस सी सी भारत सरकार की सर्वे सूचि हे। सर्वे सूचि में जिन आदमियन के नाम हे उनकी पात्रता जांच करा के फिर उन्हें आवास दए जा रए।

रिपोर्टर- श्यामकली

02/06/2017 को प्रकाशित