झाँसी जिले के अंजू और संजय की दास्तान-ए-इश्क जो मोहब्बत पर यकीन कराती है

फोन पर बात और प्यार से लेकर शादी तक की कहानी जानते हैं झांसी जिले की। एक ऐसी प्रेम कहानी के बारे में जिसे मुकाम तक ले जाना काफी मुश्किल था। लेकिन बाद में यह प्रेम कहानी शादी के अंजाम तक पहुंच ही गई।
अंजू का कहना है कि जब हम मिलते थे तो घर वालों ने देख लिया। संजय रोज मिलनें को कहता था, तब मैंने मना कर दिया।
संजय ने बताया कि घर पर मिलते थे, कहीं और मिलनें नहीं जाते थे। हमारा लड़ाई झगड़ा होता था, फिर अंजू ने करवाचौथ पर व्रत रखा था। पहले चुपचाप शादी कर ली थी, फिर दुबारा से रीति-रिवाज के हिसाब से शादी की। अब हम एक दूसरे के साथ हैं।

रिपोर्टर- सफीना

Published on Feb 25, 2018