चुनावी आंकड़ों के अनुसार, गुजरात देगा भाजपा का साथ

फोटो साभार: विकिमीडिया कॉमन्स

गुजरात में चुनाव पर इंडियास्पेंड द्वारा चुनावी आंकड़ों पर किए गया विश्लेषण बताता है कि गुजरात में भारतीय जनता पार्टी की स्थिति मजबूत है। 12 साल से ज्यादा दिनों तक मोदी राज्य के मुख्यमंत्री रहे और भाजपा ने एक मजबूत आधार हासिल किया। उनके कार्यकाल में भाजपा के वोट में पांच प्रतिशत अंक का इजाफा हुआ है। 1998 में 44.8 फीसदी से 2002 के विधानसभा चुनावों में 49.9 फीसदी हो गया।

2012 के विधानसभा चुनावों में मोदी के मुख्यमंत्री उम्मीदवार के साथ पार्टी ने 182 सीटों में से 115 सीटों पर जीत दर्ज की थी। 2012 में, उन चुनाव क्षेत्रों में जहां भाजपा के लिए वोट दिया गया, आधे से अधिक मतदाताओं, या स्पष्ट बहुमत ने पार्टी के लिए मजबूत समर्थन दिखाया है।

2012 और 2014 में गुजरात में बीजेपी के वोटों में 15 %की बढ़त हुई।

भाजपा ने 2012 के गुजरात विधानसभा चुनाव में 115 में 31 सीटों पर जो जीत दर्ज की थी, उनमें 10,000 वोटों से कम का अंतर था। 29 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों में से 13 में मुख्यमंत्री भाजपा से हैं। महाराष्ट्र और यूपी भाजपा के लिए सबसे महत्वपूर्ण जीत है, क्योंकि ये जनसंख्या के मामले में भारत में सबसे बड़े राज्य हैं । जम्मू-कश्मीर के 2014 के चुनावों में भाजपा ने दूसरे स्थान पर जीत हासिल की और साथ ही जेकेपीडीपी के साथ सरकार बनाई। 2017 में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लालू प्रसाद की राष्ट्रीय जनता दल के साथ महागठबंधन तोड़कर भाजपा के साथ हो गए। गुजरात उन राज्यों में से एक है, जहां मुख्यमंत्री और राजनीतिक दल लंबे समय तक रहते हैं। ये राज्य चुनाव आंकड़ों से पता चलता है।

लेख साभार: इंडियास्पेंड