चित्रकूट जिले के आगरहुंडा गांव में उपस्वास्थय केंद्र भी नहीं, मानिकपुर तक जाना पड़ता है.

जिला चित्रकूट, ब्लाक मानिकपुर, गांव अगरहुंणा हिंया के मड़इन का दवाई करावे  खातिर मानिकपुर अउर कर्वी जाये का पड़त हवै।यहिसे गर्भवती मेहरिया बच्चन के टीका अउर गंभीर मरीजन का बहुतै परेशानी होत हवै।मड़ई कहत  हवै कि दवाई करावे जइत हन तौ दिनभर का समय लागत हवै हमार गांव मा अस्पताल खुल जाये तौ मड़इन का सुविधा होइ जायें।जिला चित्रकूट, ब्लाक मानिकपुर, गांव अगरहुंणा हिंया के मड़इन का दवाई करावे  खातिर मानिकपुर अउर कर्वी जाये का पड़त हवै।यहिसे गर्भवती मेहरिया बच्चन के टीका अउर गंभीर मरीजन का बहुतै परेशानी होत हवै।मड़ई कहत  हवै कि दवाई करावे जइत हन तौ दिनभर का समय लागत हवै हमार गांव मा अस्पताल खुल जाये तौ मड़इन का सुविधा होइ जायें। भोलिया अउर परगिया बताइन कि मानिकपुर जायें मा किराया भाड़ा लागत हवै। हिंया प्राइवेट अस्पताल भी नहीं आय।रात के कउनौ के बच्चा होइ जात हवै तौ कउनौ डाक्टर नहीं रहत आय न गर्भवती मेहरियन का सरकारी लाभ मिल पावत आय।  प्रधान प्रतिनिधि मंजीत सिंह का कहब हवै कि डी.एम उपस्वास्थ्य. केन्द्र बने का आदेश कइ दिहिस हवै काम जल्दी शुरू। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा.प्रेम नारायण गोयल का कहब हवै कि या साल के आखरी महीना तक उपस्वास्थ्य केन्द्र बन जई।

रिपोर्टर- सहोद्रा

29/06/2017 को प्रकाशित