घर मा न राखै का बहाना

मनसवा नहीं देत खाना अउर खर्चा
मनसवा नहीं देत खाना अउर खर्चा

जिला चित्रकूट, ब्लाक मानिकपुर, गांव चूल्ही। हिंया के सोमतिया के शादी चार बरस पहिले मऊ गुरदरी गांव मा लाला के साथै भे रहै। एक बरस नींकतान से राखिस। यहिके बाद मार पीट करैं लाग।
हिंया के सोमतिया बताइस दुइ बरस से अपने मइके मा रहत हौं। मोरे तीन लड़का हवंै। मजूरी कइके खाना खर्चा चलावत हौं। मनसवा दुइ बरस से खाना खर्चा नहीं देत आय। नींक न होय का बहाना करत हवै। यहिसे मैं अपने मइके मा रहत हौं। एक बरस पहिले कर्वी मंगल दिवस मा लिखित दरखास दीने रहौं, पै कुछौ सुनवाई नहीं भे आय।
मनसवा लाला अउर जेठ प्रेमचन्द्र का कहब हवै कि हम आपन लड़का मांगित हन तौ नहीं देत हवै। सोमवती लड़का दइ दे आपन मइके मा रहै।
जिला चित्रकूट, ब्लाक मऊ, गांव बरवार। हिंया के सरोज के शादी कर्वी ब्लाक के खोह गांव मा रहैं वाले देवराज के साथै 2008 मा भे रही हवै। तीन बरस से नींकतान से राखिस। यहिके बाद न नींक होय का बहाना कइके मनसवा देवराज मारै पीटै लाग।
हिंया के सरोज बताइस मोर मनसवा देवराज झूठै का गलत आरोप लगा के मारत पीटत हवै। मोरे दुइ बिटिया हवंै। मैं तीन बरस से अपने मइके मा रहत हौं। मोरे बाप महतारी नहीं आय एक भाई हवै। आपन परिवार वालेन के साथै रहत हवै। मनसवा खाना खर्चा कुछौ नहीं देत हवै। अपने से कमा के अपने बिटियन का पेट पालत हौं। एक बरस पहिले दरखास दीने रहौं, पै कउनौ कारवाही नहीं भे आय। सरोज के सास ललता का कहब हवै कि मैं नहीं जानत हौं। काहे से कि उंई अलग रहत हवैं। मोहिका नहीं पता आय।
मऊ थाना के मंुशी मनमोहन का कहब हवै कि हिंया कउनौ तान के लिखित नहीं आई आय नहीं तौ कारवाही कीन जात।