गर्मी से पहले ही होने लगी पानी की किल्लत, चित्रकूट जिले के हनुवा गाँव की कहानी

बुन्देलखण्ड हमेशा चर्चा मा रहत हवै। कत्तौ किसानन के आत्महत्या तौ कत्तौ नेतन के चुनावी दउरा के कारन। नेता आवत हवै अउर वादा कइके लउट जात हवै। मड़इन के पानी जइसे समस्या खातिर भी कुछौ नहीं करत आहीं। यहिनतान के समस्या से जूझत हवै जिला चित्रकूट, ब्लाक मानिकपुर के हनुवां गांव का गड़रियन पुरवा। काहे से हिंया ढाई सौ के आबादी मा दुई हैन्डपम्प हवै।
सुकुमारी देवी का कहब हवै कि हमार गांव मा पानी के बहुतै समस्या हवै काहे से सबै कुंआ सूख गें हवैं। जानकीशरण का कहब हवै कि हमार पुरवा के आबादी ढाई सौ हवै अउर दुई हैन्डपम्प बस लाग हवै। दीपलाल का कहब हवै कि हिंया दस-ग्यारह साल से पानी के समस्या हवै पै प्रधान ध्यान नहीं देत आय। सविता देवी बताइस कि सुबेरे-सुबेरे पानी भरे जइत हवै, नहीं तौ हैन्डपम्प मा भीड़ लाग जात हवै। राजमनी का कहब हवै कि हमें जहां पानी मिलत हवै हुंवा जायें का पड़त हवै, काहे से पानी के कारन कउनौ पियासन तौ न मरिहैं।
प्रधान संजय मिश्रा का कहब हवै कि हैन्डपम्प तौ बिगड़त रहत हवै।गर्मी मा जउन समस्या होई तौ देखा जई।
बीडीओ आशाराम का कहब हवै कि खराब हैन्डपम्प तुरतै बनवा दीन जइहैं। नवा हैन्डपम्प मानक के हिसाब से लगावा जात हवै।

रिपोर्टर- सहोद्रा

Published on Mar 7, 2018