कोटेदार करत मनमानी

 कोटेदार की बजाउत समस्या
कोटेदार की बजाउत समस्या

जिला महोबा, ब्लाक जैतपुर, गांव मुहारी। एते को कोटेदार संतराम गांव खे आदमियन खा चीनी नई देत आय। एई से गांव खे आदमी बोहतई परेशान हे।
दलित बस्ती के रहे वाले रामकुमार, ममता ओर संतोष ने बताओ कि संतराम 16 साल से कोटा चलाउत हे। जीमें एक महीना में दो दिन गल्ला बितरण करत हे। ईखे बाद अगर कोनऊ गल्ला खा जा फिर चीनी लेय जात हे तो खिसिया खे भगा देत हे। ममता बताउत हे कि संतराम एक महीना में पन्द्रह किलो गेंहू ओर पन्द्रह किलो चावल देत हे। जभे कि सरकार केती से बीस किलो चावल आउत हे। चीनी तो कभऊं नई देत आय। हम लोगन खे सफेद राशन कार्ड बने हे। हम गरीब आदमी आपन परिवार कोटा के गल्ला से चलाउत हे। अभे खेती किसानी के काम में फंसे हते। जीखे कारन गल्ला लेय जाये नई पोहच पाये तो ऊ भी नई मिलो आय।
कोटेदार संतराम ने बताओ कि मोये कोटा में बी.पी.एल. के 24 ए.पी.एल. के 675 ओर अन्तोदय 26 राशन कार्ड बने हें। में महीने की 11-12 तारीख खा राशन वितरण करत हो। जीमें पन्द्रह किलो गेंहू बीस किलो चावल ओर सात सौ ग्राम यूनिट के हिसाब से चीनी दई जात हे। ऊ अब मोये राशन न देय खा झूठो आरोप लगाउत हे।