उसे खोना नहीं चाहता, घर वाले शादी नहीं करने देंगे, सुनिए एक दिलचस्प कहानी

मैं प्रखर गुहाटी में रहता हूं। मुझे 11वीं कक्षा में एक लड़की स्वीटी से प्यार हुआ। लेकिन डर की वजह से कभी बोल नहीं पाया। मैं कक्षा में उसे हमेशा देखता रहता था। लेकिन बोलने का साहस मेरे अन्दर नहीं था। एक दिन वो इजहार वाला दिन आया। उस दिन बारिश हो रही थी और कक्षा में कम बच्चे आए थे। मैंने ठान ली थी कि आज इस मौके का फायदा उठाना चाहिए। हमारी कक्षा के पास फूलों की क्यारी थी। मैंने एक गुलाब वहां से तोड़ा और उसे देकर अपने प्यार का इजहार कर दिया। उसने फूल तो ले लिया पर मेरे बात का जवाब नहीं दिया। मैं प्रखर गुहाटी में रहता हूं। मुझे 11वीं कक्षा में एक लड़की स्वीटी से प्यार हुआ। लेकिन डर की वजह से कभी बोल नहीं पाया। मैं कक्षा में उसे हमेशा देखता रहता था। लेकिन बोलने का साहस मेरे अन्दर नहीं था। एक दिन वो इजहार वाला दिन आया। उस दिन बारिश हो रही थी और कक्षा में कम बच्चे आए थे। मैंने ठान ली थी कि आज इस मौके का फायदा उठाना चाहिए। हमारी कक्षा के पास फूलों की क्यारी थी। मैंने एक गुलाब वहां से तोड़ा और उसे देकर अपने प्यार का इजहार कर दिया। उसने फूल तो ले लिया पर मेरे बात का जवाब नहीं दिया।  मैं उसके जवाब का इंतजार में दिन गिन रहा था। तब ही हमारे स्कूल वाले पिकनिक के लिए 10 दिनों के लिए बाहर गए। मुझे ये जानकार बहुत खुशी हुई कि वो भी पिकनिक के लिए जा रही थी। जब हम पिकनिक में गए तो एक दिन वो और मैं एक पार्क में बैठे थे। तो मैंने हिम्मत करके उसे पूछा कि तुमनें मेरे सवाल का जवाब क्यों नहीं दिया। उसनें मुझे सीने से लगाकर बोला आई लव यू। उसके बाद हम दोनों के प्यार की गाड़ी रफ्तार के साथ आगे बढ़ने लगी। धीरे-धीरे वो समय भी आ गया, जब हमारा स्कूल का आखिरी दिन था। उस दिन मुझे उससे बिछड़ना अच्छा नहीं लगा।  स्कूल के बाद भी आज हम मिलते रहते हैं। आज मैं नौकारी पर हूं और वो कॉलेज में पढ़ती है। हम दोनों थोड़ा दूर हो गए हैं। लेकिन हमारे दिल आज भी उतने ही जुड़े हैं। हम दोनों का प्यार हमेशा ऐसा ही रहेगा। चाहे हमारी शादी किसी से भी हो, क्योंकि प्यार को साथ की जरुरत नहीं होती वो दूरियों में भी बना रहता है।

Published on Jul 14, 2017