इलाज के दौरान भे मौत

karvi mm - ilaaj mein mautजिला चित्रकूट, ब्लाक मऊ, कस्बा खण्डेहा। हिंया के अर्चना के उम्र लगभग पच्चीस साल रहै। अर्चना 29 दिसंबर 2014 का दिन मा साढ़े तीन बजे आगी लगा लिहिस अउर 30 दिसंबर का इलाज के दौरान वहिके मउत होइगे हवै।
हिंया के एक बुजुर्ग का कहब हवै कि अर्चना का मइका जिला सतना, गांव उचेहरा हवै। अर्चना के शादी दुइ साल पहिले राहुल के साथै भे रहै। अर्चना के लड़का का 31 दिसंबर का जन्म दिन रहै। यहै से घर मा मेहमान भी आय रहैं। अर्चना 29 दिसम्बर का लड़का के खुशी मा तैयारी करत रहै। वहै दिन कउनौ बात का लइके दूनौ पति पत्नी के बीच लड़ाई भे रहै। लड़ाई मा परिवार वाले ताना देत रहैं कि आगी लगा के मर जा। कइयौ दरकी इनतान का दबाव मिला जेहिसे अर्चना साढ़े तीन बजे अपने ऊपर मिट्टी का तेल डार के खुदै आगी लगा लिहिस। जबै मेहमान देखिन तौ दरवाजा तोडि़न अउर अर्चना के ऊपर रजाई कम्बल डार के आगी बुझाइन। वा सौ मा नब्बे प्रतिशत जल गे रहै। वहिका इलाहाबाद जीवन ज्योति अस्पताल लइगें, पै 30 दिसंबर का आठ बजे दिन मा इलाज के दौरान मउत होइगे।
मऊ थाना के छोट दरेागा धीरेन्द्र कुमार मिश्रा कहिन या मामला थाना मा नहीं आवा। पोस्टमार्टम रिर्पोट अगर हमरे लगे अई अगर मइके पक्ष वाले रपट करिहैं तौ कारवाही होइ।